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| रायपुर और दुर्ग सहित 36 रेलवे स्टेशनों तथा 7 रेलवे उपक्रमों में जनसंवाद के जरिए यात्रियों की समस्याएं और सुझाव सुने गए। |
रायपुर। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के रायपुर मंडल में 22 अक्टूबर को विशेष अभियान 6.0 के तहत जनसंवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस पहल के अंतर्गत रायपुर और दुर्ग सहित 36 रेलवे स्टेशनों तथा 7 रेलवे उपक्रमों में यात्रियों, युवाओं और आम लोगों से सीधे बातचीत की गई। कार्यक्रम का उद्देश्य लोगों की समस्याओं, सुझावों और अपेक्षाओं को समझकर यात्री सुविधाओं तथा रेल सेवाओं में सुधार करना था।
रायपुर मंडल रेल प्रबंधक दयानंद ने रायपुर और दुर्ग रेलवे स्टेशन पर यात्रियों, युवाओं और दुकानदारों से बातचीत की। इस दौरान स्टेशन की सफाई, यात्री सुविधाओं और रेल सेवाओं से जुड़ी समस्याओं पर चर्चा हुई। डीआरएम ने यात्रियों की बात सुनने के बाद संबंधित अधिकारियों को जरूरी कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
यात्रियों की शिकायतों पर कार्रवाई के निर्देश
जनसंवाद के दौरान यात्रियों ने स्टेशन परिसर की स्वच्छता और उपलब्ध यात्री सुविधाओं को लेकर अपनी समस्याएं और सुझाव रखे। रेलवे अधिकारियों ने लोगों की बातों को सुना और शिकायतों को दर्ज करने की प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई का आश्वासन दिया। रेलवे के अनुसार, प्राप्त शिकायतों और सुझावों का तय प्रक्रिया के अनुसार निराकरण किया जाएगा।
कार्यक्रम के दौरान यात्रियों को रेलवन ऐप और नेशनल ट्रेन इंक्वायरी सिस्टम (NTES) के इस्तेमाल की जानकारी भी दी गई। इन डिजिटल सेवाओं से संबंधित जानकारी देकर यात्रियों को रेलवे की उपलब्ध सुविधाओं के उपयोग के प्रति जागरूक किया गया।
सफाई और प्लास्टिक का इस्तेमाल कम करने पर जोर
डीआरएम दयानंद ने दुकानदारों से अपनी दुकानों के सामने सफाई बनाए रखने और कचरा नहीं फैलाने की अपील की। उन्होंने कचरे के उचित निपटारे में प्रत्येक व्यक्ति की जिम्मेदारी पर जोर दिया। साथ ही, प्लास्टिक कचरे के कारण नालियां जाम होने की समस्या का उल्लेख करते हुए प्लास्टिक का इस्तेमाल कम करने की बात कही।
जनसंवाद कार्यक्रम के तहत यात्रियों को सिंगल यूज प्लास्टिक और प्लास्टिक की थैलियों से बचने के लिए जागरूक किया गया। इसके विकल्प के रूप में लोगों को कपड़े के थैले भी वितरित किए गए। रेलवे अधिकारियों ने यात्रियों से स्टेशन परिसर को साफ रखने और पर्यावरण संरक्षण में सहयोग करने की अपील की।
रेलवे का उद्देश्य लोगों की भागीदारी से स्टेशनों को स्वच्छ और प्लास्टिक मुक्त बनाने के प्रयासों को बढ़ावा देना है। इस अभियान में सफाई के प्रति जागरूकता और यात्रियों की भागीदारी को महत्वपूर्ण माना गया।
रेलवे अधिकारी और सलाहकार समिति के सदस्य रहे मौजूद
कार्यक्रम में वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक सुस्कर विपुल विलासराव, वरिष्ठ मंडल कार्मिक अधिकारी राहुल गर्ग और वरिष्ठ मंडल यांत्रिक इंजीनियर समरकर सहित रेलवे के अन्य अधिकारी और कर्मचारी शामिल हुए। इनमें स्टेशन प्रबंधक, वाणिज्य निरीक्षक और स्वास्थ्य निरीक्षक भी मौजूद रहे।
समाजसेविका शुभांगी आप्टे और स्टेशन सलाहकार समिति के सदस्य महेंद्र कुमार बागडोदिया ने भी कार्यक्रम में भाग लिया। रेलवे के अनुसार, जनसंवाद जैसे कार्यक्रमों के माध्यम से यात्रियों की समस्याओं को बेहतर तरीके से समझने और सुविधाओं में लगातार सुधार करने में मदद मिलेगी।
डीआरएम दयानंद ने दुकानदारों से अपनी दुकानों के सामने सफाई बनाए रखने और कचरा नहीं फैलाने की अपील की। उन्होंने कचरे के उचित निपटारे में प्रत्येक व्यक्ति की जिम्मेदारी पर जोर दिया। साथ ही, प्लास्टिक कचरे के कारण नालियां जाम होने की समस्या का उल्लेख करते हुए प्लास्टिक का इस्तेमाल कम करने की बात कही।
जनसंवाद कार्यक्रम के तहत यात्रियों को सिंगल यूज प्लास्टिक और प्लास्टिक की थैलियों से बचने के लिए जागरूक किया गया। इसके विकल्प के रूप में लोगों को कपड़े के थैले भी वितरित किए गए। रेलवे अधिकारियों ने यात्रियों से स्टेशन परिसर को साफ रखने और पर्यावरण संरक्षण में सहयोग करने की अपील की।
रेलवे का उद्देश्य लोगों की भागीदारी से स्टेशनों को स्वच्छ और प्लास्टिक मुक्त बनाने के प्रयासों को बढ़ावा देना है। इस अभियान में सफाई के प्रति जागरूकता और यात्रियों की भागीदारी को महत्वपूर्ण माना गया।
रेलवे अधिकारी और सलाहकार समिति के सदस्य रहे मौजूद
कार्यक्रम में वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक सुस्कर विपुल विलासराव, वरिष्ठ मंडल कार्मिक अधिकारी राहुल गर्ग और वरिष्ठ मंडल यांत्रिक इंजीनियर समरकर सहित रेलवे के अन्य अधिकारी और कर्मचारी शामिल हुए। इनमें स्टेशन प्रबंधक, वाणिज्य निरीक्षक और स्वास्थ्य निरीक्षक भी मौजूद रहे।
समाजसेविका शुभांगी आप्टे और स्टेशन सलाहकार समिति के सदस्य महेंद्र कुमार बागडोदिया ने भी कार्यक्रम में भाग लिया। रेलवे के अनुसार, जनसंवाद जैसे कार्यक्रमों के माध्यम से यात्रियों की समस्याओं को बेहतर तरीके से समझने और सुविधाओं में लगातार सुधार करने में मदद मिलेगी।
