भिलाई में दिवाली से पहले खाद्य विभाग का छापा, 3 प्रतिष्ठानों में मिलीं खामियां; डेयरी में मिला एक्सपायरी दूध

भिलाई में दिवाली से पहले खाद्य विभाग द्वारा डेयरी और मिठाई फैक्ट्रियों की जांच
भिलाई में दिवाली से पहले खाद्य विभाग ने तीन प्रतिष्ठानों की जांच कर खाद्य पदार्थों के नमूने लिए।
भिलाई में दिवाली से पहले खाद्य सुरक्षा को लेकर विभाग ने जांच अभियान चलाया। इस दौरान खाद्य विभाग की टीम ने तीन प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया। छावनी क्षेत्र की एक डेयरी में एक्सपायरी दूध मिलने और पनीर बनाने की जगह पर साफ-सफाई की स्थिति खराब होने की जानकारी सामने आई। वहीं, दो मिठाई फैक्ट्रियों में तैयार खाद्य सामग्री और स्वच्छता की जांच की गई। अधिकारियों ने अलग-अलग प्रतिष्ठानों से खाद्य पदार्थों के सैंपल लिए और संचालकों को जरूरी निर्देश दिए।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, खाद्य विभाग के कमिश्नर दीपक अग्रवाल के नेतृत्व में रायपुर से पहुंची टीम ने दुर्ग जिले में यह कार्रवाई की। जांच के दौरान कुछ प्रतिष्ठानों में स्वच्छता से जुड़ी कमियां मिलीं। अधिकारियों के मुताबिक, सैंपल की रिपोर्ट आने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।

डेयरी में एक्सपायरी दूध मिला, पनीर बनाने की जगह पर गंदगी

जांच अभियान के तहत टीम सबसे पहले भिलाई के छावनी क्षेत्र स्थित मां दुर्गा डेयरी पहुंची। अधिकारियों के अनुसार, यहां एक्सपायरी दूध मिला और पनीर तैयार करने वाले स्थान पर साफ-सफाई की स्थिति संतोषजनक नहीं थी। परिसर में पाम ऑयल मिलाकर खाद्य सामग्री तैयार किए जाने की बात भी सामने आई।

टीम ने दूध और पनीर के नमूने लिए। अधिकारियों ने तैयार खाद्य सामग्री नष्ट करने के निर्देश भी दिए। हालांकि, संबंधित उत्पादों की गुणवत्ता को लेकर अंतिम निष्कर्ष जांच रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट होगा।

लाइसेंस के दस्तावेजों पर भी स्थिति स्पष्ट नहीं

डेयरी की जांच के दौरान संचालक जगमोहन ने अधिकारियों को दो लाइसेंस दिखाए। विभागीय अधिकारियों के मुताबिक, प्रस्तुत दस्तावेजों से संबंधित परिसर की स्थिति स्पष्ट नहीं हो सकी।

रिपोर्ट के अनुसार, संचालक ने एनालॉग पनीर बनाने से इनकार किया। हालांकि, उन्होंने अधिकारियों के निर्देश पर पनीर नष्ट करने की बात स्वीकार की।

खाद्य विभाग के कमिश्नर दीपक अग्रवाल ने बताया कि संबंधित स्थान पर खाद्य सामग्री नष्ट कराने और परिसर को सील करने के लिए टीम को रोका गया है। उपलब्ध जानकारी में प्रतिष्ठान के नाम को लेकर अंतर है। जांच के शुरुआती विवरण में मां दुर्गा डेयरी का उल्लेख है, जबकि अधिकारी के बयान में बेरला डेयरी का नाम आया है। इसलिए संबंधित प्रतिष्ठान की पहचान को लेकर उपलब्ध जानकारी पूरी तरह स्पष्ट नहीं है।

मुस्कान फैक्ट्री में सोनपापड़ी, मैसूर पाक और पेड़े की जांच
डेयरी के बाद खाद्य विभाग की टीम बैकुंठ धाम स्थित मुस्कान फैक्ट्री पहुंची। यहां दिवाली के लिए बड़ी मात्रा में सोनपापड़ी, मैसूर पाक और पेड़े तैयार करके रखे गए थे।

अधिकारियों को फैक्ट्री में साफ-सफाई से जुड़ी गंभीर कमियां मिलीं। टीम ने खाद्य पदार्थों के नमूने लिए और तैयार सामग्री नष्ट करने के निर्देश दिए।
फैक्ट्री संचालक पप्पू सिंह के अनुसार, उन्हें परिसर में साफ-सफाई बनाए रखने के लिए कहा गया। उपलब्ध रिपोर्ट में बताया गया है कि इस कार्रवाई के दौरान फिलहाल कोई जुर्माना नहीं लगाया गया।

गुप्ता जी लड्डू फैक्ट्री में मिले करीब डेढ़ क्विंटल लड्डू

खाद्य विभाग ने तीसरी जांच गुप्ता जी लड्डू फैक्ट्री में की। यहां करीब डेढ़ क्विंटल लड्डू तैयार अवस्था में मिले।

अधिकारियों के अनुसार, अन्य दोनों प्रतिष्ठानों की तुलना में यहां की स्थिति बेहतर थी। इसके बावजूद स्वच्छता का स्तर संतोषजनक नहीं पाया गया। टीम ने फैक्ट्री संचालक को तत्काल आवश्यक सुधार करने के निर्देश दिए।

छत्तीसगढ़ के अलग-अलग क्षेत्रों में जारी है जांच अभियान

कमिश्नर दीपक अग्रवाल ने बताया कि वह प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों का दौरा कर रहे हैं। इसी क्रम में दुर्ग जिले के खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया।

उनके मुताबिक, अलग-अलग स्थानों से खाद्य पदार्थों के नमूने लिए गए हैं और संबंधित प्रतिष्ठानों को चेतावनी दी गई है। नमूनों की जांच रिपोर्ट मिलने के बाद नियमों के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।

अधिकारी के बयान के अनुसार, कुछ स्थानों पर दूषित या मिलावटी खाद्य पदार्थ मिलने की जानकारी सामने आई है। विभाग ने नमूनों को जांच के लिए भेजने के साथ जरूरी दस्तावेजी प्रक्रिया भी शुरू की है। हालांकि, उपलब्ध जानकारी में इन नमूनों की अंतिम जांच रिपोर्ट का विवरण नहीं दिया गया है।

दिवाली पर मिठाई और पनीर खरीदते समय किन बातों का रखें ध्यान?
भिलाई में त्योहार से पहले हुई इस कार्रवाई ने खाद्य प्रतिष्ठानों में साफ-सफाई और खाद्य सुरक्षा की अहमियत को फिर सामने रखा है। दिवाली के दौरान मिठाई और पनीर की मांग बढ़ने के बीच उपभोक्ताओं के लिए खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और पैकेजिंग से जुड़ी जानकारी देखना उपयोगी है।

मिठाई या पैक्ड खाद्य सामग्री खरीदते समय पैकेजिंग की स्थिति, निर्माण तिथि, समाप्ति तिथि और उपलब्ध लेबल संबंधी जानकारी जरूर देखें। खुले खाद्य पदार्थ खरीदते समय दुकान और बिक्री स्थल की साफ-सफाई पर भी ध्यान दें।

फिलहाल, भिलाई में जांच किए गए प्रतिष्ठानों से लिए गए नमूनों की रिपोर्ट का इंतजार है। विभाग की ओर से आगे की कार्रवाई जांच के नतीजों और लागू नियमों के आधार पर की जाएगी।

CG Janvani Team

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